रेसिपी
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lunch
dinner
देसी बिहारी स्टफ्ड सत्तू पराठा
भुने चने के सत्तू, तीखे सरसों तेल और अजवाइन से भरा पारंपरिक गेहूं का पराठा। प्रति सर्विंग 14.5 ग्राम शुद्ध पादप प्रोटीन।
पोषण मूल्य (प्रति सर्विंग)
प्रोटीन
14.5g
कार्ब्स
56g
फैट्स
6.5g
कैलोरी
330 kcal
फाइबर
11g
रसोइये के लिए निर्देश
- आटे को गूंथकर 15 मिनट ढककर रखें ताकि बेलते समय पराठा फटे नहीं।
- सत्तू में सरसों तेल और नींबू का रस डालकर तब तक मिलाएं जब तक मुट्ठी बांधने पर वह बंधने न लगे।
- पहले सूखे गर्म लोहे के तवे पर दोनों तरफ सेकें, फिर हल्का सरसों तेल लगाकर सुनहरा क्रिस्पी करें।
सामग्री
- 100 ग्राम (लगभग 1 कप) + आटा गूंथने के लिए पानी
- 60 ग्राम (लगभग 4 बड़े चम्मच)
- 40 ग्राम (1 छोटा प्याज)
- 1 बड़ा चम्मच
- 1/2 छोटा चम्मच प्रत्येक
- 1/2 छोटा चम्मच अमचूर या 1 छोटा चम्मच नींबू रस
- 2 छोटा चम्मच (10ml: 1 चम्मच भरावन में, 1 चम्मच सेकने के लिए)
- 2 बड़े चम्मच
- स्वादानुसार (लगभग 1/2 छोटा चम्मच)
बनाने की विधि
बिहार और पूर्वी भारत का प्राचीन शक्तिवर्धक पारंपरिक भोजन। शुद्ध गेहूं के पतले आवरण में भुने चने का सत्तू, तीखा सरसों तेल, अजवाइन और हरी मिर्च का चटपटा स्वाद समाया हुआ है। बिना मक्खन या घी के तैयार दो पराठों की एक सर्विंग 14.5 ग्राम शुद्ध प्रोटीन और 11 ग्राम फाइबर प्रदान करती है।
मुख्य पोषण लाभ
- 14.5 ग्राम शुद्ध पादप प्रोटीन: भुने चने के सत्तू से भरपूर यह पराठा सामान्य आलू पराठे की तुलना में तीन गुना अधिक प्रोटीन प्रदान करता है, जो मांसपेशियों की मरम्मत में सहायक है।
- लो-ग्लाइसेमिक इंडेक्स और दीर्घकालिक ऊर्जा: 11 ग्राम प्राकृतिक फाइबर पाचन को धीमा कर रक्त शर्करा (ब्लड शुगर) को नियंत्रित रखता है और लंबे समय तक तृप्ति बनाए रखता है।
- हृदय के लिए लाभकारी फैट्स: कच्ची घानी सरसों के तेल से मिलने वाले मोनोअनसैचुरेटेड फैटी एसिड (MUFA) और ओमेगा-3 हृदय स्वास्थ्य को सहारा देते हैं।
बनाने की विधि
- आटा गूंथें: 100 ग्राम गेहूं के आटे में चुटकी भर सेंधा नमक और लगभग 65–70ml गुनगुना पानी डालकर नरम और लचीला आटा गूंथ लें। गीले कपड़े से ढककर 15 मिनट के लिए रख दें ताकि ग्लूटेन एक्टिव हो जाए।
- सत्तू का भरावन तैयार करें: एक खुले बर्तन में 60 ग्राम चना सत्तू, बारीक कटा प्याज, अदरक, हरी मिर्च, हाथों से क्रश की हुई अजवाइन, कलौंजी, अमचूर (या नींबू रस), हरा धनिया, नमक और 1 छोटा चम्मच कच्चा सरसों तेल डालें। हाथों से अच्छी तरह मसलें। यदि मिश्रण सूखा लगे तो 1–2 चम्मच पानी छिड़कें ताकि मुट्ठी बांधने पर सत्तू बंध जाए।
- लोई भरकर बंद करें: आटे और सत्तू मिश्रण को 4 बराबर भागों में बांट लें। एक लोई को उंगलियों से किनारों से दबाते हुए कटोरी जैसा आकार दें। बीच में सत्तू का भरावन रखें और चारों तरफ से समेटते हुए ऊपर से अच्छी तरह सील कर दें।
- पतला बेलें: भरी हुई लोई पर हल्का सूखा आटा लगाएं। हल्के हाथों से बीच से किनारों की ओर बेलते हुए 6–7 इंच का पतला (लगभग 2mm) पराठा बेलें।
- तवे पर सेकें: लोहे के तवे को मध्यम-तेज आंच पर गर्म करें। पराठे को तवे पर डालें और 45–60 सेकंड तक सेकें जब तक हल्के बुलबुले न दिखने लगें। पलटकर दूसरी तरफ भी 40 सेकंड तक चित्ती आने तक सेकें।
- तेल लगाएं और परोसें: पराठे के ऊपर 1/4 छोटा चम्मच सरसों तेल लगाएं, पलटें और करछी से हल्का दबाते हुए फुलाएं। दूसरी तरफ भी हल्का तेल लगाकर दोनों तरफ से सुनहरा और कुरकुरा होने तक सेकें। गरमा-गरम पराठे को हरी धनिया-पुदीना चटनी या भुने बैंगन के चोखे के साथ परोसें।